Connect with us

एम्स में आउटरीच सेल का बीएलएस ,वर्क प्लेस फ़ास्ट एड और होम हेल्थ एड दक्षता कार्यक्रम

उत्तराखंड

एम्स में आउटरीच सेल का बीएलएस ,वर्क प्लेस फ़ास्ट एड और होम हेल्थ एड दक्षता कार्यक्रम

एम्स, ऋषिकेश के सोशल आउटरीच सेल के तत्वावधान में सेंटर ऑफ़ एक्सलेंस इन “सोशल आउटरीच एंड प्राइमरी केयर रिसर्च सेंटर में वर्कप्लेस फ़ास्ट ऐड, बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) एवं होम हेल्थ एड का व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।

बुधवार को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), ऋषिकेश की कार्यकारी निदेशक एवं सीईओ प्रोफेसर डॉ. मीनू सिंह के मार्गदर्शन में सेंटर ऑफ़ एक्सलेंस इन “सोशल आउटरीच एंड प्राइमरी केयर रिसर्च सेंटर में प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें आशा कार्यकर्ताओं, स्वयंसेवकों (वॉलंटियर्स) एवं वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन के सदस्यों को बेसिक लाइफ सपोर्ट (BLS) एवं वर्कप्लेस फ़ास्ट एड एवं होम हेल्थ एड का व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।

इस अवसर पर सोशल आउटरीच सेल के नोडल अधिकारी डॉ. संतोष कुमार ने प्रतिभागियों को आपातकालीन स्थितियों में त्वरित और प्रभावी प्राथमिक उपचार प्रदान करने की विधियों से रूबरू कराया। वर्कप्लेस फर्स्ट , BLS एवं होम हेल्थ एड का व्यवहारिक अभ्यास कराया गया, जिससे वह आपात स्थिति में तत्काल सहायता प्रदान कर सकें। इस प्रशिक्षण कार्यशाला में प्रतिभागियों को उच्च रक्तचाप (BP) और मधुमेह (शुगर) , चोट लगने , लाइफ स्टाइल बीमारी की पहचान जैसी आम बीमारियों के प्रति समुदाय में जनजागरूकता बढ़ाने के साथ -साथ उन्हें प्रशिक्षित भी किया गया।

यह भी पढ़ें 👉  केंद्र सरकार ने उत्तराखंड के लिए खोला खजाना, एसएएसआई योजना के तहत 2355 करोड़ रुपये स्वीकृत

डॉ. संतोष के मुताबिक इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में आमजन को प्राथमिक चिकित्सा और स्वास्थ्य सुरक्षा के प्रति सजग बनाना है।
इस सेंटर ऑफ़ एक्सलेंस इन “सोशल आउटरीच एंड प्राइमरी केयर रिसर्च सेंटर को आईसीआईसीआई फाउंडेशन के द्वारा संयोजित किया गया है
प्रशिक्षण सत्र में ऋषिकेश के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से आए 35 से अधिक प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से हिस्सा लिया और प्रशिक्षण के दौरान वर्क प्लेस फस्ट ऐड, BLS एवं होम हेल्थ एड का व्यवहारिक अभ्यास किया। जिससे वह आपात स्थिति में किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को तत्काल सहायता प्रदान कर उसके जीवन का संरक्षण कर सकें।

यह भी पढ़ें 👉  ईंधन बचत का संदेश देने स्कूटी से कैंप कार्यालय पहुंचे मंत्री गणेश जोशी…

इस मौके पर इंटर्न डॉ. आस्था, डॉ. कैलाश मीना, डॉ. मोहित जलाप, डॉ. प्रथम जैन, सीनियर नर्सिंग ऑफिसर बजरंग, संदीप सिंह, सूरज सिंह राणा, अंजना, बॉबी, साक्षी के अलावा आशा कार्यकर्ता, स्वयंसेवक (वॉलंटियर्स), वरिष्ठ नागरिक कल्याण संगठन के सदस्य मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें 👉  नवनियुक्त कार्मिकों को मुख्यमंत्री का संदेश: ईमानदारी और सेवा भाव से निभाएं दायित्व…

आप भी बन सकते हैं इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का हिस्सा

एम्स, ऋषिकेश की ओर से नियमिततौर पर ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनका उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं और प्रशिक्षण को जमीनी स्तर तक पहुंचाना और आमजन को जीवन रक्षक तकनीकों से सशक्त बनाना है। बताया गया कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रत्येक माह के दूसरे बुधवार को आयोजित किए जाएंगे। लिहाजा आम जनमानस जीवन संरक्षण की दृष्टि से अत्यधिक महत्वपूर्ण इस प्रशिक्षण में दक्षता प्राप्त करने व एम्स के सामाजिक आउटरीच कार्यक्रम के तहत समुदाय में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के उद्देश्य से निर्धारित दिवस पर प्रशिक्षण कार्यशाला में प्रतिभाग कर सकते हैं।

Continue Reading
Advertisement

More in उत्तराखंड

उत्तराखंड

उत्तराखंड

ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

ADVERTISEMENT

ट्रेंडिंग खबरें

Advertisement
Advertisement
Advertisement
To Top